
अटल जी के सुशासन और विकास के पथ पर अग्रसर प्रदेश: श्रीमती उद्धेश्वरी पैकरा
चांदो चौक पर 30 लाख की लागत से बनेगा अटल परिसर सभी ग्राम पंचायतों में हर्षोल्लास से मनाया गया सुशासन दिवस
बलरामपुर-रामानुजगंज।
भारत रत्न और पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की 100वीं जयंती पर पूरे देश सहित छत्तीसगढ़ में सुशासन दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बलरामपुर जिला मुख्यालय के चांदो चौक स्थित हनुमान मंदिर परिसर में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें सामरी विधायक श्रीमती उद्धेश्वरी पैकरा ने अटल बिहारी वाजपेयी के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने वर्चुअल माध्यम से सभी को सुशासन दिवस की शुभकामनाएं दीं और 30 लाख रुपये की लागत से बनने वाले अटल परिसर का भूमिपूजन किया। इस मौके पर बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी, और आम नागरिक उपस्थित रहे।

विधायक ने दिए अटल जी के सपनों को साकार करने के संदेश
मुख्य अतिथि सामरी विधायक श्रीमती उद्धेश्वरी पैकरा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, “स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी के विचार और नीतियां आज भी हमारे लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। उनका सपना था कि शासन की योजनाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।”
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य का गठन भी अटल जी के प्रयासों का नतीजा है। राज्य बनने के बाद यहां विकास के कार्यों में तेजी आई है। उन्होंने कहा, “आज छत्तीसगढ़ अटल जी के सुशासन के विचारों को साकार कर रहा है। राज्य के हर क्षेत्र में विकास के नए आयाम स्थापित किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन के तहत प्रदेश में हर नागरिक को योजनाओं का लाभ मिल रहा है।”
अटल जी का योगदान: भारत को नई ऊंचाइयों तक ले जाने वाला नेतृत्व
श्रीमती पैकरा ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ने तीन बार प्रधानमंत्री के रूप में देश का नेतृत्व किया। उनके कार्यकाल में भारत ने न केवल आर्थिक और औद्योगिक क्षेत्र में प्रगति की, बल्कि वैश्विक मंच पर भी अपनी अलग पहचान बनाई।
उन्होंने कहा, “अटल जी ने छत्तीसगढ़ को अलग राज्य का दर्जा देकर यहां विकास के लिए मार्ग प्रशस्त किया। उनके शासनकाल में गांव, गरीब, किसान और समाज के पिछड़े तबकों के लिए कई योजनाएं लागू की गईं। आज हम उनके सुशासन के आदर्शों पर चलकर राज्य और देश को आगे बढ़ा रहे हैं।
कलेक्टर ने सुशासन और विकास का महत्व समझाया
जिले के कलेक्टर राजेंद्र कटारा ने अपने वक्तव्य में अटल बिहारी वाजपेयी के विचारों और नीतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि “सुशासन केवल बुनियादी ढांचे के निर्माण तक सीमित नहीं है। यह हर व्यक्ति के समग्र विकास की बात करता है। सुशासन का उद्देश्य पारदर्शी और उत्तरदायी शासन व्यवस्था सुनिश्चित करना है, जो हर नागरिक को समान अवसर प्रदान करे।”
उन्होंने जिले की प्राकृतिक संपदा और कृषि अनुकूल वातावरण का उल्लेख करते हुए कहा, “हमारा जिला विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। आधुनिक तकनीकों को अपनाकर किसान नए आयाम स्थापित कर रहे हैं।” कलेक्टर ने नागरिकों से विकास कार्यों में सहयोग देने की अपील की और कहा कि “सफलता के लिए जनभागीदारी और जागरूकता अत्यंत आवश्यक है।”

चांदो चौक पर अटल परिसर का शिलान्यास
कार्यक्रम में विधायक श्रीमती उद्धेश्वरी पैकरा ने चांदो चौक पर 30 लाख रुपये की लागत से बनने वाले अटल परिसर का भूमिपूजन और शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि यह परिसर अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृतियों को संजोने और उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम बनेगा।
सफाई कर्मियों और स्वच्छाग्रहियों का सम्मान
कार्यक्रम में स्वच्छाग्रहियों को सफाई सामग्री वितरित की गई। साथ ही सफाई कर्मियों को शॉल और श्रीफल देकर सम्मानित किया गया। इस पहल ने स्वच्छता और सामुदायिक सेवा के महत्व को रेखांकित किया।
सभी ग्राम पंचायतों में मनाया गया सुशासन दिवस
सुशासन दिवस के उपलक्ष्य में बलरामपुर-रामानुजगंज जिले की सभी ग्राम पंचायतों में कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिला पंचायत सीईओ रेना जमील के नेतृत्व में अटल चौक पर अटल जी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इन कार्यक्रमों में वाजपेयी जी की नीतियों और सुशासन के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर दिया गया।
सुशासन के मार्ग पर अग्रसर छत्तीसगढ़
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अटल जी के सुशासन और विकास के सपनों को साकार करने की प्रतिबद्धता जताई। यह दिन न केवल अटल जी के योगदान को याद करने का अवसर है, बल्कि उनके आदर्शों को अपनाकर प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का भी।
सुशासन दिवस का यह आयोजन प्रदेश में विकास और जनकल्याण की दिशा में एक और कदम है। यह दिन हमें यह याद दिलाता है कि शासन का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को सशक्त बनाना और समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। अटल जी के विचार और आदर्श आज भी हमें प्रेरणा देते हैं और प्रदेश को समृद्ध और सशक्त बनाने की दिशा में मार्गदर्शन करते हैं।




