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पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का निधन: छत्तीसगढ़ में 7 दिन का राजकीय शोक घोषित

पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का निधन: एक युग का अंत

भारत के पूर्व प्रधानमंत्री, एक महान अर्थशास्त्री और प्रबुद्ध नेता डॉ. मनमोहन सिंह का दिल्ली के AIIMS अस्पताल में रात 9:51 बजे निधन हो गया। उन्हें आज शाम बेहोशी की हालत में अस्पताल लाया गया था, जहां डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।

डॉ. मनमोहन सिंह ने 1991 के आर्थिक संकट के दौरान भारत को गहरे संकट से उबारा और देश को एक नई आर्थिक दिशा दी। उन्होंने अपने शांत और विचारशील नेतृत्व में आर्थिक सुधारों की शुरुआत की, जिससे भारत को वैश्विक आर्थिक मंच पर मजबूती मिली।

उनके योगदान:

1991 का आर्थिक सुधार: वित्त मंत्री के रूप में उन्होंने उदारीकरण, निजीकरण और वैश्वीकरण की नीतियों को लागू कर भारत को आत्मनिर्भर और प्रगति की राह पर अग्रसर किया।

प्रधानमंत्री के रूप में: 2004-2014 तक अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने आर्थिक स्थिरता, विकास और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया।

उनका कार्यकाल न केवल आर्थिक प्रगति के लिए बल्कि उनकी सादगी और ईमानदारी के लिए भी याद किया जाएगा।


एक अपूरणीय क्षति
डॉ. मनमोहन सिंह का जाना भारत के लिए एक बड़ी क्षति है। उनका योगदान और विचारशीलता आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी। देश ने एक सशक्त नेता और अर्थशास्त्री खो दिया है, जिसकी कमी कभी पूरी नहीं हो सकेगी।

पूरे देश में उनके निधन पर शोक की लहर है, और छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों में राजकीय शोक की घोषणा की गई है।

भारत के पूर्व प्रधानमंत्री, का दिल्ली के AIIMS अस्पताल में रात 9:51 बजे निधन हो गया।
डॉ. सिंह को आज शाम  में AIIMS में भर्ती कराया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनका निधन हो गया।

डॉ. मनमोहन सिंह: एक युगदृष्टा नेता

डॉ. सिंह ने अपने नेतृत्व और दूरदृष्टि से भारत को न केवल आर्थिक संकट से बाहर निकाला, बल्कि एक स्थिर और प्रगतिशील राष्ट्र के रूप में पहचान दिलाई।

1991 में वित्त मंत्री के तौर पर उन्होंने भारत के उदारीकरण, निजीकरण, और वैश्वीकरण (LPG) की नीति को आगे बढ़ाया।

उनके प्रधानमंत्री कार्यकाल (2004-2014) में भारत ने आर्थिक, सामाजिक, और अंतरराष्ट्रीय संबंधों में अभूतपूर्व प्रगति की।

उनकी सादगी, ईमानदारी और बौद्धिक नेतृत्व ने उन्हें भारत के सबसे सम्मानित नेताओं में स्थान दिलाया।

          छत्तीसगढ़ में राजकीय शोक की घोषणा

डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर छत्तीसगढ़ सरकार ने 7 दिवस का राजकीय शोक घोषित किया है।

    शोक अवधि: 26 दिसंबर से 1 जनवरी तक।

इस दौरान शासकीय स्तर पर कोई सांस्कृतिक या मनोरंजन कार्यक्रम आयोजित नहीं किए जाएंगे।

सामान्य प्रशासन विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी किया है।

             देशभर में शोक की लहर

डॉ. मनमोहन सिंह का निधन भारत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उनका शांत और दृढ़ नेतृत्व हमेशा प्रेरणा का स्रोत रहेगा। उनकी नीतियों और कार्यों ने भारत को वैश्विक मंच पर मजबूत स्थान दिलाया।

डॉ. मनमोहन सिंह को विनम्र श्रद्धांजलि।

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