विश्व हाथी दिवस पर बच्चों में जागरूकता की पहल – रामानुजगंज वन वाटिका में निबंध व पेंटिंग प्रतियोगिता

रामानुजगंज, 12 अगस्त।
विश्व हाथी दिवस के अवसर पर मंगलवार को रामानुजगंज वन वाटिका में वन विभाग द्वारा विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, स्थानीय विद्यालयों के शिक्षक और बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे मौजूद रहे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों में हाथियों के प्रति जागरूकता बढ़ाना, उनके संरक्षण की महत्ता समझाना और उनके प्राकृतिक आवास की रक्षा के लिए जिम्मेदारी का भाव विकसित करना था। बच्चों को बताया गया कि हाथी न केवल जंगल का राजा और पर्यावरण संतुलन का अहम हिस्सा है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विरासत का भी प्रतीक है।
प्रतियोगिताओं में दिखी रचनात्मकता
आयोजन के तहत निबंध लेखन और पेंटिंग प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। बच्चों ने अपनी कलम और रंगों के माध्यम से हाथियों के जीवन, उनके सामने आने वाले खतरों और संरक्षण के उपायों को अभिव्यक्त किया। कई चित्रों में हाथियों का प्राकृतिक आवास, जंगल और पानी के स्रोतों को बचाने का संदेश प्रमुखता से उभरा।

स्नेयर वॉक से मिला प्रकृति का अनुभव
वन विभाग की टीम ने बच्चों को ‘स्नेयर वॉक’ के तहत जंगल का भ्रमण कराया। इस दौरान उन्हें जंगल की पारिस्थितिकी, वन्यजीवों के जीवन चक्र और शिकार व अवैध गतिविधियों से संरक्षण के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि मानव-हाथी संघर्ष को कम करने के लिए जंगलों और हाथियों के आवासीय क्षेत्रों की रक्षा जरूरी है।
बच्चों में उत्साह और सीखने की ललक
कार्यक्रम में बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सवाल-जवाब के माध्यम से अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। वन विभाग के अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से बच्चों में पर्यावरण और वन्यजीवों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ती है, जो आने वाले समय में संरक्षण कार्यों में सहायक होगी।
इस मौके पर उपस्थित शिक्षकों ने भी बच्चों को जंगल, वन्यजीव और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा दी।




