तपेश्वर महादेव के दर्शन से लेकर विकास कार्यों तक, तातापानी में दिखी विष्णुदेव साय मुख्यमंत्री की सक्रिय भागीदारी

मकर संक्रांति पर तातापानी पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
तपेश्वर महादेव के दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना ,बच्चों संग पतंगबाजी, लोक परंपराओं का निर्वहन और विकास कार्यों की बड़ी सौगात

बलरामपुर, 14 जनवरी 2026।
मकर संक्रांति के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन स्थल तातापानी पहुंचे। तीन दिवसीय तातापानी महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर उन्होंने तातापानी स्थित प्राचीन तपेश्वर महादेव मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली और कल्याण की कामना की।
मुख्यमंत्री साय ने तपेश्वर महादेव शिवलिंग पर जल अर्पित किया तथा मंदिर परिसर में स्थापित भगवान शिव की विशाल प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धापूर्वक नमन किया। पूजा-अर्चना के उपरांत उन्होंने मंदिर परिसर में उपस्थित श्रद्धालुओं से आत्मीय संवाद किया और सभी को मकर संक्रांति पर्व की शुभकामनाएं दीं।

मकर संक्रांति के उल्लासपूर्ण वातावरण में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने स्कूली बच्चों के साथ पतंगबाजी का आनंद लिया। उन्होंने स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय एवं हिंदी माध्यम विद्यालय के छात्रों के साथ चकरी और मांझा थामकर पतंग उड़ाई। मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बच्चों से संवाद करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और सांस्कृतिक गतिविधियां भी व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

मुख्यमंत्री साय ने मंदिर प्रांगण में पारंपरिक चारपाई पर बैठकर साल पत्ती के दोने में परोसे गए गजक, खोभी लाई, तिलकुट और तिल के लड्डुओं का स्वाद लिया। उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति का पर्व हमारी सांस्कृतिक परंपराओं, सामाजिक समरसता और आपसी भाईचारे का प्रतीक है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन तिल से बने व्यंजनों का सेवन शुभ माना जाता है।

667 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों की सौगात
तातापानी महोत्सव के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जिले को बड़ी विकास सौगात दी। उन्होंने 667 करोड़ 57 लाख रुपये से अधिक की लागत के कुल 211 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास/भूमिपूजन किया।
इनमें 323 करोड़ 96 लाख रुपये की लागत के 140 विकास कार्यों का लोकार्पण तथा 343 करोड़ 61 लाख रुपये की लागत के 71 विकास कार्यों का शिलान्यास/भूमिपूजन शामिल है।

ये विकास कार्य लोक निर्माण विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, PMJSY, क्रेडा, नगर पालिका परिषद, आदिवासी विकास विभाग और जल संसाधन विभाग से संबंधित हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन कार्यों से क्षेत्र में सड़क, पुल, पेयजल, ऊर्जा और आधारभूत संरचना का सुदृढ़ीकरण होगा, जिससे आम नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार आएगा।

तातापानी महोत्सव बना सामाजिक समरसता की मिसाल

मकर संक्रांति के अवसर पर तातापानी महोत्सव उस समय ऐतिहासिक बन गया, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की गरिमामयी उपस्थिति में 200 नवयुगल परिणय सूत्र में बंधे। इनमें 195 हिंदू एवं 5 क्रिश्चियन जोड़ों का विवाह उनके-अपने धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार संपन्न हुआ।
मुख्यमंत्री श्री साय ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि यह क्षण उनके लिए अत्यंत भावुक और गौरवपूर्ण है। तातापानी महोत्सव केवल धार्मिक या सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक एकजुटता, भाईचारे और समानता की भावना को मजबूत करने वाला आयोजन है। उन्होंने नवदम्पतियों से आपसी सम्मान, विश्वास और जिम्मेदारी के साथ दांपत्य जीवन निभाने का संदेश दिया।

सामूहिक विवाह योजना से आर्थिक रूप से कमजोर, जरूरतमंद और निम्न वर्ग के परिवारों को बड़ा संबल मिला है, जिससे वे सम्मानपूर्वक अपने बच्चों का विवाह कर पा रहे हैं।
इस अवसर पर कृषि मंत्री रामविचार नेताम, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज, सामरी विधायक उद्देश्वरी पैकरा, प्रतापपुर विधायक शकुंतला पोर्ते, धरसीवां विधायक अनुज शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।




