220 बिस्तर अस्पताल में वर्षों बाद फिर शुरू हुए महिला नसबंदी ऑपरेशन, डॉ. सुरेश तिवारी के नेतृत में हुआ सफल ऑपरेशन…

मनेंद्रगढ़। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा संचालित जनसंख्या स्थिरीकरण पखवाड़ा के दौरान मनेंद्रगढ़ के 220 बिस्तर शासकीय अस्पताल को एक बड़ी उपलब्धि मिली है। वर्ष 2020 से 2023 के लंबे अंतराल के बाद अस्पताल में सीटीटी (महिला नसबंदी) ऑपरेशन की सुविधा एक बार फिर शुरू कर दी गई है। इस सेवा के पुनः प्रारंभ होने से जिले में परिवार नियोजन कार्यक्रमों को नई गति मिलने के साथ ही महिलाओं को स्थानीय स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
यह उपलब्धि प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के विशेष प्रयासों से संभव हो सकी। लंबे समय से बंद पड़ी इस सुविधा के शुरू होने से अब महिलाओं को स्थायी परिवार नियोजन के लिए बड़े शहरों या निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा।

महिला नसबंदी ऑपरेशन की शुरुआत पूर्व संयुक्त संचालक डॉ. सुरेश तिवारी के नेतृत्व में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने की। पहले ही दिन सभी ऑपरेशन निर्धारित मानकों और सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए सफलतापूर्वक संपन्न किए गए।
ऑपरेशन टीम में डॉ. सुरेश तिवारी एवं डॉ. राजीव गुप्ता ने सर्जन के रूप में सेवाएं दीं, जबकि डॉ. फिरोज शेख ने एनेस्थेटिस्ट की जिम्मेदारी निभाई। ऑपरेशन थिएटर की प्रभारी सिस्टर पुष्पा पटेल रहीं। वहीं सिस्टर प्रियंका साहू, मुकेश शर्मा, संजय द्विवेदी एवं आकांक्षा जायसवाल सहित अस्पताल के अन्य स्टाफ ने ऑपरेशन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अस्पताल प्रशासन ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में ऑपरेशन थिएटर को आधुनिक संसाधनों से सुसज्जित किया गया है। सुविधा शुरू होने से अब ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों की महिलाओं को नसबंदी ऑपरेशन के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। शासन की योजना के तहत ऑपरेशन कराने वाली हितग्राही महिलाओं को निर्धारित प्रोत्साहन राशि, आवश्यक दवाइयां एवं अन्य सुविधाएं भी निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि जनसंख्या स्थिरीकरण पखवाड़े के दौरान परिवार नियोजन सेवाओं के प्रति लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ स्थायी एवं अस्थायी साधनों का अधिक से अधिक लाभ दिलाने का अभियान भी चलाया जा रहा है। वर्षों बाद महिला नसबंदी ऑपरेशन की सुविधा पुनः शुरू होना जिले की स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।



