9 साल से फरार ठगी का आरोपी झांसी से गिरफ्तार”पहले से गिरफ्तार है महिला आरोपी”

9 साल से फरार ठगी का आरोपी झांसी से गिरफ्तार, पुलिस की बड़ी सफलता
लॉटरी के नाम पर ठगी कर फरार चल रहे एक आरोपी को पुलिस ने 9 साल बाद उत्तर प्रदेश के झांसी से गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर था, लेकिन विशेष टीम बनाकर उसे पकड़ने में सफलता मिली।
ठगी का पूरा मामला
ग्राम खुखरी निवासी मनोज कुमार यादव ने चौकी बरियो, थाना राजपुर में शिकायत दर्ज कराई थी कि मोबाइल फोन के माध्यम से लॉटरी जीतने का झांसा देकर कई बार में कुल ₹1,85,800 की ठगी की गई। यह राशि बैंक खाते नंबर 35073282220 एवं 34250979223 में ट्रांसफर करवाई गई थी।
शिकायत मिलने के बाद चौकी बरियो, थाना राजपुर में भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 420 (धोखाधड़ी), 120B (आपराधिक साजिश) और 34 (सामूहिक अपराध) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
जांच और पहली गिरफ्तारी
जांच के दौरान बैंक खाता स्टेटमेंट और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मोबाइल नंबर 95169-98093 और 73094-20233 का पता चला। इन नंबरों के जरिए ठगी करने वाली संगीता इनवर्ती को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
9 साल से फरार आरोपी की तलाश
इस मामले का मुख्य आरोपी गोलू अहिरवार घटना के बाद से लगातार फरार था। गिरफ्तारी के डर से वह लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था, जिससे उसे पकड़ना मुश्किल हो रहा था।
पुलिस ने कई बार प्रयास किए, लेकिन आरोपी का कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था। आखिरकार अपराध समीक्षा बैठक में पुलिस अधीक्षक ने इस मामले को दोबारा गंभीरता से लिया और फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए एक विशेष पुलिस टीम गठित की।
आरोपी की गिरफ्तारी के लिए बनाई गई रणनीति
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चौकी प्रभारी सुभाष कुजूर के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई।
मैन्युअल एवं तकनीकी निगरानी के जरिए आरोपी के ठिकानों का पता लगाया गया।
आरोपी की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और बैंक लेन-देन की गहन जांच की गई।
पुलिस टीम को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बलरामपुर और पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कुसमी द्वारा लगातार मॉनिटर किया गया।
गिरफ्तारी कैसे हुई?
तकनीकी जांच में पता चला कि गोलू अहिरवार झांसी, उत्तर प्रदेश में छिपा हुआ है।
22 मार्च 2025 को पुलिस टीम झांसी पहुंची।
मोहल्ला गांधीगंज, थाना मऊरानीपुर, झांसी में आरोपी के संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई।
घेराबंदी कर आरोपी गोलू अहिरवार पिता मनोज अहिरवार (30 वर्ष, जाति हरिजन) को गिरफ्तार कर लिया गया।
न्यायिक कार्रवाई और पुलिस टीम की भूमिका
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को चौकी बरियो लाया गया और न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इस पूरी कार्रवाई में इन अधिकारियों की अहम भूमिका रही:
चौकी प्रभारी बरियो उप निरीक्षक सुभाष कुजूर
सहायक उपनिरीक्षक (सउनि) कृष्णानंद सिंह
प्रधान आरक्षक ईश्वर प्रताप सिंह
आरक्षक रंजीत गुप्ता
पुलिस की इस सफलता से यह साबित होता है कि अपराधी कितना भी छिपने की कोशिश करे, कानून के लंबे हाथ उसे पकड़ ही लेते हैं। नौ साल से फरार आरोपी को गिरफ्तार करना पुलिस की धैर्य, तकनीकी समझ और रणनीतिक योजना का परिणाम है। इससे अन्य अपराधियों को भी कड़ा संदेश मिलेगा कि वे कानून से बच नहीं सकते।



