ऐसे में कैसे होगा प्रधानमंत्री का सपना पूरा, सुरक्षित प्रसव पर उठ रहे सवाल, 8 महीने के सेवाकाल में 3 महीने से ज्यादा छुट्टी पर स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर, उच्च जोखिम की महिलाओं अन्य जिलों में किया जा रहा रेफर …

मनेन्द्रगढ़ । केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही महात्वाकांक्षी अभियान “प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान” इन दिनों पूरे प्रदेश में चलाया जा रहा है . इस योजना के तहत प्रत्येक महीने के 9 एवं 24 तारीख को प्रदेश के सभी चिकित्सा, महाविद्यालय चिकित्सालय ,जिला चिकित्सालय , सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व सम्पूर्ण जांच कराया जाता है . ताकि माँ-बच्चा स्वस्थ्य रहे और प्रसव के दौरान अतिरिक्त कोई जोखिम न आये । इस अभियान के तहत मई महीने में मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में कुल आठ सौ पैंसठ गर्ववती महिलाओं की जांच की गई . जिसमें एक सौ चौवन उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं को चिन्हांकित किया गया । वहीं सिर्फ मनेन्द्रगढ़ ब्लॉक की बात करे तो यहां चार सौ पचास महिलाओं का जांच किया गया जिसमें इकसठ उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं को चिन्हांकित किया गया ।

ऐसे में यह सवाल उठता है कि इन गर्भवती महिलाओं की जांच तो हो गई मगर मनेन्द्रगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ एक मात्र महिला विशेषज्ञ डॉक्टर रश्मि कुमार जो लगातार छुट्टी में रहती हैं इन उच्च जोखिम वाली चिन्हांकित महिलाओं का सुरक्षित प्रसव कैसे हो पायेगा । यह हम इसलिए कह रहे हैं कि डॉक्टर रश्मि कुमार अपने पदस्थापना अक्टूबर माह से अब तक काफी समय चाइल्ड केयर के साथ अन्य छुट्टियों में ही बिताई है . आये दिन जोखिम प्रसव वाली महिलाओं को दूसरे जिले में रेफर किया जाता रहा है . इसलिये हमें कहना पड़ रहा है कि देश के प्रधानमंत्री के नाम पर संचालित इस अभियान का सपना कैसे पूरा होगा ।

इस संबंध में जिले के सीएमएचओ डॉक्टर अविनाश खरे ने बताया कि डॉक्टर रश्मि कुमार को लगातार छुट्टी में रहने के कारण उनको नोटिस जारी किया गया है . साथ ही सैलरी भी रोकी गई है . आने वाले समय मे उन्हें ताकीद की जाएगी के वह अनावश्यक छुट्टी पर न जाएं ।


